ज्ञानेन्द्र साज का काव्य

मेरा घर नहीं है कि जब से सर पे मेरे ‘सर’ नहीं है बहुत बेफिक्र हूं…

आशीष आनंद आर्य ‘इच्छित’ की कवितायेँ

कुछ ऐसी हो रात एक रात कभी कुछ ऐसी हो लगे हर घड़ी ही जैसे बस…

अंक-4- नवल जायसवाल

रेखाचित्र- श्री नवल जायसवाल फोटोग्राफी, चित्रकला एवं रेखाचित्रों के कलाकार भोपाल निवासी श्री नवल जायसवाल जी,…

काव्य-बस्तरः कुछ कविताएं-जयप्रकाश मानस

बस्तरः कुछ कविताएं एक. प्रश्न यह नहीं वहां पहले नक्सली पहुंचे या पुलिस प्रश्न यही है…

कंचन सहाय वर्मा की कवितायेँ

इक सा नारी सिर्फ षोड़सी या बिहारी की नायिका नहीं कोमलता की सुंदरतम कृति नहीं दहेज…

नसीम आलम ‘नारवी’ की ग़ज़लें

ग़ज़ल-1 उनसे किसे उम्मीदे-वफा है। पत्थर में कब फूल खिला है।। सीने में फिर दर्द उठा…

करमजीत कौर का काव्य

इन्तज़ार है तेरा आज भी दरवाज़े पर निगाहें टिकाए बैठी हूं इस इन्तज़ार में कि कभी…

अंक-3-फेसबुक वाल से

याद किया तो ………………… एक साधारण मां-बाप याद किया तो सबसे पहले आये याद फिर घास-फूस…

श्रीमती सरिता पाण्डेय की कवितायेँ

तेरे आंचल सी नहीं या तो गृहलक्ष्मी कहा, या फिर पग की धूल। इन दोनो ही…

लाला जगदलपुरी-संस्मरण-श्रीमती नवनीत कमल

स्मृति चित्रांकन : लाला जगदलपुरी ‘बस्तर पाति’ के पाठकों के लिए अर्न्तःमन से दो शब्द कहना…