कराओके कुमार जी का कोहराम हमारे एक पड़ोसी हैं कराओके कुमार जी इनके अनुसार इनमें गायकी…
Category: व्यंग
साहित्य की व्यंग्य विधा की रचनाएँ
व्यंग्य -वीरेंद्र देवांगन
शराबबंदी पर शराबियों का चिंतन वे रोजाना पीते थे। बगैर पिए उनका हाथ-पॉंव कांपता था। भोजन…
व्यंग्य-एक महत्वपूर्ण ग्रंथ की समीक्षा-सनत कुमार जैन
एक महत्वपूर्ण ग्रंथ की समीक्षा -सनत कुमार जैन खचाखच भरे सभागार में मंचस्थ अतिथियों में पुराने…
व्यंग्य – शादी वाला तेल – सनत सागर
शादी वाला तेल ’दोस्त के बेटे की शादी है तो आपका पूरा सम्मान निभाया जा रहा…
सनत सागर का व्यंग्य – शुभचिंतक
शुभ चिंतक ’भाभी! आप न, बादाम, चिरौंजी, मखाना, खसखस लेकर इनको घी में तल लो और…
व्यंग्य-सुभाष पांडे
भूख मीमांसा चलते-चलते वे मुझे बाजार में मिल गए। मुझे रोक कर बोले -’अरे भाई! तुमने…
लेखन का नया चलन- व्यंग्य : डॉ किशोर अग्रवाल
लेखन का नया चलन क:”आजकल खूब छप रहे हो आज भी भारत न्यूज़ के साहित्यिक बनने…