उंगलबाज-अंक-25

बच्चों की समझ “भैया! ये नहीं हरे रंग का बल्ब दो।“ उसने अपने हाथ में पकड़ा…

अशवनी कुमार मेहरोत्रा ’उम्मीद’ की लघुकथाएं

चोर – पुलिस चोर ने महंगी कार से मोटी सी महिला को निकलते देखा, नजरे उसके…

लघुकथाएं -बाल कृष्ण गुप्ता गुरु

दमित इच्छा कमली की तबीयत ठीक नहीं थी। काम ते सहयोग के लिए मुनिया को स्कूल…

उंगलबाज

उंगलबाज ’’यार! साहित्य में खुद को बड़ा साहित्यकार कैसे साबित करूं ? मैं न तो ढंग…

अलका पांडे की लघुकथा

कमल या कीचड़ ’समझ में ये नहीं आता कि यहाँ किसी के थोडा फेमस हो जाने…

लघुकथा-सनत कुमार जैन

बेटा बहू ’’रात भर बेचारी माँ तडपती रही। कितना भयंकर दर्द था। हे भगवान जल्दी ठीक…

लघुकथा-महेश राजा

मेकअप किसी ने हवलदार जी से पूछा,-“क्यों साब, आपने यह खबर पढी कि नहीं, कि भ्रष्ट…

फैसला-दिनेश कुमार छाजेड़

फैसला फैक्ट्री मैनेजर ने कर्मचरी राकेश को अपने चेम्बर में बुलाया। मैनेजर ने राकेश को कहा,-’’सुना…

लघुकथा-समाजसेवी-सीताराम गुप्ता

समाजसेवी अनिल कुमार जी से मेरी मुलाकात बहुत पहले हुई थी एक मित्र के यहां। समाज…

लघुकथा-भगवान की भक्ति-मदन देवड़ा

भगवान की भक्ति नित्य की तरह दस बजते ही मैं स्कूल की ओर रवाना हो चुका…