काश…! प्रातः काल सूर्योदय से पूर्व की मंद-मंद चलती हवा, उड़ते हुए पक्षियों की चहचहाहट की…
Month: March 2015
अंक-4-फोटोग्राफी-अजयसिंह
अंतिम पन्ना फोटोग्राफर के लिए- श्री अजयसिंह अजय फोटो स्टुडियो के जादुई फोटोग्राफर अपने कैमरे से…
बस्तर पाति कहानी प्रतियोगिता-1, द्वितीय पुरस्कार-कुमार शर्मा अनिल
पुरस्कार साहित्य अकादमी का ऑडिटोरियम काफी भरा हुआ नजर आ रहा है। वर्ष 2014 के साहित्य…
उर्मिला आचार्य की कविता एवं हाइकू
टेढ़े-मेढ़े रास्ते पूनम की रात मेला मंडई के बाद लौट रही मां-बेटी साथ-साथ दूर गांव घर…
अंक-4-नक्कारखाने की तूती-शिक्षा के विषयों की समीक्षा फिर से की जाय।
शिक्षा के विषयों की समीक्षा फिर से की जाय। – आज जो शिक्षा दी जा रही…
बस्तर पाति कहानी प्रतियोगिता-1, प्रथम पुरस्कार-जय मरकाम-खोया क्या
खोया क्या ? बात उन दिनों की है मै सोलह-सत्रह साल का रहा। जवानी की दहलीज…
लघुकथाएं-ओम प्रकाश बजाज
अपरहण विचित्र घटनाक्रम हुआ। पोते का स्कूल बस तक छोड़ने गये दादाजी ने जैसे-तैसे पोते को…
अंक-4-फेसबुक वाल से-संजीव लवनिया ‘सजीव’
कविता कुछ ऐसे हादसे भी होते हैं कुछ ऐसे हादसे भी होते हैं ऐ मेरे दोस्त…
माधुरी राऊलकर की गज़लें
ग़ज़ल उन्हें नामों में ढ़ालने से, कुछ नहीं होता बेवजह रिश्ते पालने से, कुछ नहीं होता।…